Varanasi News :- केंद्रीय राज्य मंत्री, महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार श्रीमती सावित्री ठाकुर ने मंगलवार को महिला कल्याण विभाग, वाराणसी द्वारा संचालित राजकीय संप्रेक्षण गृह (किशोर) का निरीक्षण किया। इस अवसर पर मंत्री महोदया ने संस्था में रह रहे किशोरों से संवाद कर उनकी दिनचर्या, शैक्षणिक एवं व्यक्तित्व विकास संबंधी गतिविधियों की जानकारी ली और उनके उज्जवल भविष्य के लिए प्रेरणा दी।
निरीक्षण के दौरान प्रमुख अधिकारी रहे उपस्थित
निरीक्षण के दौरान जिला प्रोबेशन अधिकारी/उपनिदेशक महिला कल्याण श्री पंकज कुमार मिश्र, बाल विकास परियोजना अधिकारी बड़गांव श्री राकेश बहादुर, बाल विकास परियोजना अधिकारी श्री रमेश, संरक्षण अधिकारी श्रीमती निरुपमा सिंह, संस्था के प्रभारी अधीक्षक श्री कमलेश पांडेय सहित समस्त स्टाफ मौजूद रहा।
संस्था में 122 किशोर रह रहे हैं आवासित
संस्था में वर्तमान में वाराणसी, चंदौली और जौनपुर जनपदों से संबंधित कुल 122 किशोर आवासित हैं। मंत्री महोदया ने इन किशोरों से उनकी नियमित दिनचर्या के बारे में जानकारी ली। किशोरों ने बताया कि वे प्रतिदिन सुबह 5 बजे जागकर योग व प्राणायाम करते हैं, उसके बाद नाश्ता, फिर पढ़ाई, खेलकूद, मनोरंजन, नृत्य-संगीत की कक्षाओं में भाग लेते हैं।
संस्था में बागबानी की भी व्यवस्था है, जिसमें किशोर रुचि से भाग लेते हैं। बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों की तैनाती कराकर किशोरों को औपचारिक शिक्षा भी उपलब्ध कराई जा रही है।

मंत्री ने की बातचीत और दी सीख
मंत्री महोदया ने किशोरों से उनके विचार और प्रकरणों के बारे में संवाद किया। उन्होंने कहा –
> “जो बीत गया, उसे भूलकर अपने भविष्य की ओर देखो। पढ़ाई और कौशल विकास को गंभीरता से लेकर अपने जीवन को नई दिशा दो। एक अच्छे और जिम्मेदार नागरिक बनकर समाज व माता-पिता को तुम पर गर्व हो – यही प्रयास होना चाहिए।”
उन्होंने सभी किशोरों को प्रेरित करते हुए कहा कि दोबारा गलती न दोहराएं, जिससे पुनः संस्था में लौटने की नौबत न आए।

संस्था के कार्यों की सराहना
निरीक्षण के अंत में श्रीमती ठाकुर ने महिला कल्याण विभाग और संस्था के समस्त कर्मियों द्वारा किशोरों के पुनर्वास और विकास के लिए किए जा रहे कार्यों की प्रशंसा की। साथ ही सभी किशोरों को उनके उज्जवल और सफल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
Author: Suryodaya Samachar
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