Varanasi news :- वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट ने फर्जी पुलिस अधिकारी बनकर लोगों को ठगने वाले एक शातिर युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी दरोगा की वर्दी पहनकर खुद को उत्तर प्रदेश पुलिस का अधिकारी बताता था और लोगों पर रौब जमाने के साथ-साथ नौकरी दिलाने तथा चेकिंग के नाम पर अवैध वसूली करता था। पुलिस ने उसके कब्जे से पुलिस वर्दी, फर्जी पहचान पत्र समेत कई आपत्तिजनक सामान बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार, शिवपुर थाना क्षेत्र के इंद्रपुर निवासी राजन प्रजापति पुत्र सभापति प्रजापति को बुधवार दोपहर करीब 12:40 बजे मुखबिर की सूचना पर आयर बाजार स्थित औरा नहर के पास से गिरफ्तार किया गया।
तलाशी के दौरान आरोपी के पास से दरोगा की पूरी खाकी वर्दी, चार स्टार, फ्लैप, पुलिस कलर रिबन, बेल्ट, ब्राउन जूते, खाकी मोजे, पी-कैप, बैरेट कैप, दो नेम प्लेट, उत्तर प्रदेश पुलिस के दो बैज, सीटी डोरी, तीन फर्जी पुलिस आईडी कार्ड, आधार कार्ड, आपदा मित्र कार्ड, निर्वाचन पहचान पत्र, यूनियन बैंक का डेबिट कार्ड, पैन कार्ड, कथित नियुक्ति पत्र की छायाप्रति, दो एंड्रॉयड मोबाइल फोन, बैग, पर्स, ईयरफोन तथा 1,200 रुपये नकद बरामद किए गए।
पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह दरोगा की वर्दी पहनकर विभिन्न क्षेत्रों में घूमता था और खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों को प्रभावित करता था। वह पुलिस विभाग में नौकरी दिलाने का झांसा देकर मोटी रकम वसूलता था। इसके अलावा वाहन चेकिंग और पुलिस कार्रवाई का डर दिखाकर भी लोगों से पैसे ऐंठता था। आरोपी ने अपने पास फर्जी नियुक्ति पत्र और नकली पुलिस आईडी कार्ड तैयार कर रखे थे, जिनका उपयोग वह लोगों का विश्वास जीतने के लिए करता था।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने कुछ दिन पहले किशन विश्वकर्मा, निवासी महगांव, थाना सिंधोरा, से पुलिस विभाग में नौकरी दिलाने का झूठा वादा कर एक लाख रुपये ठग लिए थे। पूछताछ में उसने बताया कि यह रकम वह अपनी निजी जरूरतों में खर्च कर चुका है।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई थाना चोलापुर पुलिस द्वारा की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी से पूछताछ के आधार पर यह भी जांच की जा रही है कि उसने इसी तरह कितने अन्य लोगों को अपना शिकार बनाया है।
Author: Suryodaya Samachar
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