Sonbhadra news:- [सोनभद्र से ब्यूरो चीफ रामेश्वर सोनी] घोरावल विकास खंड के अंतर्गत पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय घोरावल में बुधवार को कक्षा 8 के छात्र-छात्राओं के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया। यह पल विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए भावनात्मक रूप से बहुत खास रहा। सभी ने नम आंखों से विद्यार्थियों को विदाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही। एस.आर.जी. सोनभद्र से विनोद कुमार, सहायक अध्यापक श्वेता ठाकुर, पूजा गुप्ता, रमन, अल्का साहू, प्रियंका प्रजापति, वंदना यादव, अनुदेशक रंजू कुशवाहा, शिक्षामित्र विजय शंकर सिंह व सीमा देवी सहित विद्यालय का पूरा स्टाफ कार्यक्रम में शामिल हुआ। कार्यक्रम का आयोजन खंड शिक्षा अधिकारी घोरावल अशोक कुमार सिंह के नेतृत्व में बड़े धूमधाम से किया गया।
शिक्षकों ने विद्यार्थियों को दिए प्रेरणादायक संदेश
विदाई समारोह के दौरान शिक्षकों ने विद्यार्थियों को प्रेरणादायक संदेश दिए। प्रधानाध्यापक विनोद कुमार ने अपने संबोधन में बच्चों को कठिन परिश्रम और अनुशासन का महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति को समाज में एक अच्छा नागरिक बनने की दिशा में मार्गदर्शन देती है। उन्होंने छात्रों को आगे बढ़ने और अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।
सभी शिक्षकों ने भी बच्चों को दिया आशीर्वाद
विजय शंकर सिंह ने भी बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि वे जहां भी जाएं, वहां अपने कार्यों से विद्यालय का नाम रोशन करें। उन्होंने बच्चों को आत्मविश्वास और लगन से अपने सपनों की ओर बढ़ने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर शिक्षकों ने विद्यार्थियों के साथ अपने अनुभव साझा किए और उन्हें विदाई के रूप में शुभकामनाएं दीं।
विदाई समारोह के दौरान बच्चों की आंखों में एक ओर अपने विद्यालय को छोड़ने का दुख था, तो वहीं दूसरी ओर नए सफर की उत्सुकता भी झलक रही थी। छात्र-छात्राओं ने भी अपने अनुभव साझा किए और अपने शिक्षकों के मार्गदर्शन के लिए आभार प्रकट किया। उन्होंने विद्यालय में बिताए गए सुनहरे पलों को याद किया और कहा कि वे यहां से मिली सीख को अपने जीवन में अपनाएंगे।
कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए उन्हें विदाई दी गई। इस दौरान स्कूल परिसर में एक भावनात्मक माहौल देखने को मिला, जहां शिक्षक-शिक्षिकाएं और छात्र-छात्राएं एक-दूसरे से गले मिलकर विदा ले रहे थे। सभी ने इस पल को यादगार बनाने के लिए एक साथ फोटो भी खिंचवाई।
इस तरह, यह विदाई समारोह न केवल एक पारंपरिक कार्यक्रम था, बल्कि यह उन यादों और संबंधों को भी समेटे हुए था, जो विद्यार्थी और शिक्षक के बीच वर्षों तक कायम रहेंगे। विद्यालय परिवार ने सभी बच्चों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं और उनकी सफलता की कामना की।
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Author: Suryodaya Samachar
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